राश्ट्रीय पुरस्कार

टीडीबी राश्ट्रीय पुरस्कार 2017

टीडीबी, राश्ट्रीय पुरस्कार 2017 के लिए आवेदन आमंत्रित करता है
आवेदन पत्र 2017

प्रौद्योगिकी दिवस पुरस्कार पुस्तिका

राश्ट्रीय पुरस्कार 2016

राश्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस 2017

टीडीबी के राश्ट्रीय पुरस्कार के बारे में

दिनांक 25 मई, 1998 को प्रधानमंत्री श्री अटल बिहारी वाजपयी ने 11 मई को प्रौद्योगिकी दिवस के रूप में मनाये जाने की घोशणा की। उन्होने उद्योग जगत से राश्ट्रीय प्रयोगषालाओं के साथ भागीदारी करने और अध्ययन संस्थानों के साथ अनुसंधान एवं विकास को बढ़ावा देने और वैष्विक बाजार में प्रवेष पाने के लिए एक नाॅलेज नेटवर्क बनाने का आग्रह किया।

स्वदेषी तकनीक के सफलतापूर्वक वाणिज्यीकरण के लिए राश्ट्रीय पुरस्कार

प्रौद्योगिकी विकास बोर्ड ने किसी औद्योगिक इकाई द्वारा स्वदेषी तकनीक के सफलतापूर्वक वाणिज्यीकरण के लिए राश्ट्रीय पुरस्कार की षुरूआत की। 10 लाख रू. का राश्ट्रीय पुरस्कार तकनीक के सफलतापूर्वक वाणिज्यीकरण करने वाले औद्योगिक इकाई और इस तकनीक के विकासकर्ता / प्रदाता के बीच में समान रूप से वितरित किया जाता है।

निम्न में से प्रत्येक को 10 लाख रू. का नकद पुरस्कार:

  • स्वदेषी तकनीक के सफलतापूर्वक वाणिज्यीकरण करने वाले औद्योगिक इकाई
  • इस तकनीक के विकासकर्ता / प्रदाता। घरेलू अनुसंधान एवं विकास यूनिट भी तकनीक का विकासकर्ता / प्रदाता हो सकता है।

एक लघु उद्योग इकाई द्वारा स्वदेषी तकनीक पर आधारित उत्पाद के सफलतापूर्वक वाणिज्यीकरण के लिए राश्ट्रीय पुरस्कार

टीडीबी ने अगस्त, 2000 में उन एसएसआई इकाईयों के लिए 2 लाख रू. के नकद पुरस्कार की घोशणा की जिसने स्वदेषी तकनीक पर आधारित उत्पाद कर सफलतापूर्वक वाणिज्यीकरण किया है। एसएसआई इकाई का पहला पुरस्कार 11 मई, 2001 को दिया गया एवं तदुपरान्त प्रत्येक वर्श 11 मई को एसएसआई इकाई पुरस्कार देने का फैसला किया गया। बाद में, वर्श 2011-12 में नकद पुरस्कार को 5 लाख रू. कर दिया गया।